2025 की शुरुआत से ही कई बड़ी कंपनियों ने कर्मचारियों को अनिवार्य रूप से ऑफिस लौटने के सख्त आदेश जारी किए थे, लेकिन अब इन नीतियों के शुरुआती महीनों में ही समस्याएं सामने आने लगी हैं।
बड़ी कंपनियों की वापसी नीति पर सवाल
Amazon, JPMorgan Chase, Tabcorp, AT&T और Dell जैसी दिग्गज कंपनियों ने अपने कर्मचारियों को सप्ताह में 5 दिन ऑफिस आने का निर्देश दिया था। लेकिन अब यह सामने आ रहा है कि यह बदलाव जितना आसान समझा गया था, उतना व्यावहारिक नहीं साबित हो रहा है।
Dell के अंदरूनी हालात
टेक्नोलॉजी दिग्गज Dell ने मार्च 2025 में सभी ऐसे कर्मचारियों के लिए अनिवार्य रूप से कार्यालय आने का आदेश जारी किया था, जो ऑफिस से एक घंटे की दूरी पर रहते हैं। कंपनी ने कहा था कि इन कर्मचारियों को ‘नियमित कार्यदिवस’ में ऑफिस उपस्थित रहना होगा, हालांकि कुछ लचीलापन भी दिया जाएगा।
तीन महीने बीतने के बाद, Business Insider की एक रिपोर्ट में 10 कर्मचारियों के अनुभवों के आधार पर खुलासा किया गया कि ऑफिस लौटने की इस नीति को लेकर कंपनी के अंदर भारी असमानता है। कुछ मैनेजर सख्ती से नियम लागू कर रहे हैं, जबकि कुछ कर्मचारियों के अनुसार लोग सिर्फ औपचारिकता के लिए ऑफिस आते हैं और थोड़ी देर बाद चले जाते हैं।
अन्य कंपनियों में भी दिख रहा विरोध
Dell की तरह ही अन्य कंपनियों में भी कर्मचारियों और प्रबंधन के बीच स्पष्ट मतभेद नजर आने लगे हैं। काम की उत्पादकता, संतुलित जीवनशैली और लचीलापन जैसे मुद्दे अब फिर से चर्चा में हैं।
विशेषज्ञों की राय
विशेषज्ञों का मानना है कि जबरदस्ती ऑफिस बुलाने की नीति लंबे समय तक कारगर नहीं हो सकती। महामारी के बाद कामकाजी संस्कृति में भारी बदलाव आया है और अब कर्मचारियों को पूरी तरह से ऑफिस बुलाना, बिना व्यक्तिगत परिस्थितियों को समझे, एकतरफा फैसला माना जा रहा है।
निष्कर्ष
‘वर्क फ्रॉम होम’ अब केवल एक विकल्प नहीं, बल्कि नई कार्यशैली का हिस्सा बन चुका है। अगर कंपनियां बिना लचीलापन दिए पुराने ढर्रे पर लौटने की कोशिश करेंगी, तो न केवल कर्मचारियों में असंतोष बढ़ेगा, बल्कि प्रतिभा पलायन और उत्पादकता में गिरावट जैसे परिणाम भी सामने आ सकते हैं।