वॉशिंगटन/न्यूयॉर्क, 28 फरवरी 2026
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Bill Clinton को जेफ्री एपस्टीन से जुड़े संबंधों के मामले में कांग्रेस की एक समिति के सामने पेश होना पड़ा। बताया जा रहा है कि पिछले चार दशकों में यह पहला अवसर है जब किसी पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति को कांग्रेस के समक्ष गवाही देने के लिए बाध्य किया गया है।
रिपब्लिकन पार्टी के नेतृत्व वाली हाउस ओवरसाइट कमेटी ने यह बंद-दरवाजा सुनवाई न्यूयॉर्क राज्य के चप्पाक्वा शहर में आयोजित की, जहां क्लिंटन दंपत्ति का निवास है। समिति पूर्व वित्त कारोबारी और यौन अपराधी Jeffrey Epstein से जुड़े संभावित संपर्कों की जांच कर रही है।
गवाही से पहले जारी बयान में बिल क्लिंटन ने कहा, “मैंने जो देखा, वही जानता हूं — और उससे भी अधिक यह कि मैंने क्या नहीं देखा। मैंने कुछ गलत नहीं किया।”
उन्होंने कहा कि जब तक उन्हें एपस्टीन की आपराधिक गतिविधियों के बारे में जानकारी मिली, तब तक उनका उससे संबंध वर्षों पहले समाप्त हो चुका था। क्लिंटन ने यह भी कहा कि यदि उन्हें किसी भी प्रकार की गलत गतिविधि का संदेह होता, तो वे कभी उसके विमान में यात्रा नहीं करते और स्वयं इसकी सूचना अधिकारियों को देते।
एक दिन पहले पूर्व विदेश मंत्री और पूर्व प्रथम महिला Hillary Clinton से भी समिति ने कई घंटों तक पूछताछ की। हिलेरी क्लिंटन ने कथित तौर पर कहा कि उन्हें एपस्टीन से मिलने की कोई स्पष्ट याद नहीं है और न ही उन्होंने उसके साथ यात्रा की या उसकी किसी संपत्ति का दौरा किया।
बिल क्लिंटन ने समिति की आलोचना करते हुए कहा कि उनकी पत्नी को इस मामले में शामिल करना “उचित नहीं” था।
मौजूदा राष्ट्रपति Donald Trump ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उन्हें क्लिंटन को गवाही देते देखना अच्छा नहीं लगा, लेकिन साथ ही यह भी जोड़ा कि उनके साथ इससे भी अधिक सख्ती की गई थी। क्लिंटन की गवाही के बाद कुछ डेमोक्रेट नेताओं ने मांग की है कि ट्रंप से भी उनके एपस्टीन से जुड़े संभावित संबंधों पर सवाल पूछे जाएं।
सुनवाई के दौरान चप्पाक्वा में प्रदर्शनकारियों ने समिति की कार्रवाई और राजनीतिक माहौल को लेकर विरोध जताया। यह मामला अमेरिकी राजनीति में फिर से चर्चा का केंद्र बन गया है।