सिडनी। न्यू साउथ वेल्स की राजनीति में इस समय हथियार कानून को लेकर गर्मागर्मी तेज़ हो गई है। मुख्यमंत्री क्रिस मिन्स पर आरोप लगाया जा रहा है कि उन्होंने शूटर्स, फिशर्स एंड फ़ार्मर्स पार्टी (SFF) के नेता रॉबर्ट बोर्साक के साथ गुप्त समझौता किया है, जिससे राज्य में बीते 30 वर्षों का सबसे “प्रतिगामी” (पिछड़ेपन वाला) हथियार कानून लागू हो सकता है।
यह विवाद तब उभर कर सामने आया जब जून में नेशनल पार्टी ने संकेत दिए कि वे विवादित हंटिंग बिल का विरोध नहीं करेंगे। उस समय विपक्ष में बैठे कई नेताओं ने इसे लेकर चिंता जताई थी। अब लिबरल पार्टी के कुछ सांसदों ने खुलकर इस नीति को “कुत्ते जैसी नीति” बताते हुए इसकी आलोचना की है। उनका कहना है कि यह कानून न सिर्फ़ सुरक्षा मानकों को कमज़ोर करेगा, बल्कि हथियारों के नियमन को भी ढीला कर देगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह बिल पास होता है तो न्यू साउथ वेल्स में हथियार रखने और शिकार के नियमों में ढील मिलेगी, जिससे समाज में सुरक्षा संबंधी चुनौतियाँ बढ़ सकती हैं। वहीं, SFF पार्टी का कहना है कि यह बिल ग्रामीण इलाक़ों में शिकार को लेकर व्यावहारिक बदलाव लाएगा और किसानों को मदद करेगा।
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि क्रिस मिन्स की सरकार पर दबाव बढ़ रहा है। एक तरफ़ उन्हें सुरक्षा और शहरी मतदाताओं की चिंता है, तो दूसरी तरफ़ उन्हें क्षेत्रीय सीटों पर प्रभाव रखने वाली SFF पार्टी के समर्थन की भी ज़रूरत है। यही वजह है कि उनके ऊपर सौदेबाज़ी के आरोप लग रहे हैं।
अब देखना यह होगा कि यह विवादित हथियार कानून वाक़ई संसद से पास होकर क़ानून बनता है या फिर विपक्ष और नागरिक संगठनों के विरोध से ठंडे बस्ते में चला जाता है।