सिडनी: ऑस्ट्रेलिया के सिडनी के पश्चिमी उपनगर कैरामार में वर्ष 2021 में हुए एक दर्दनाक मकान-आग हादसे के मामले में लगभग पाँच साल बाद बड़ा कानूनी कदम उठाया गया है। पुलिस ने एक विकलांगता सहायता कर्मचारी पर गैर-इरादतन हत्या (मैन्सलॉटर) का आरोप दर्ज किया है। इस घटना में 38 वर्षीय एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई थी।
यह आग 13 अप्रैल 2021 की सुबह कैरामार के रिवर एवेन्यू स्थित एक सिंगल-लेवल आवास में लगी थी। आग लगने की सूचना मिलते ही दमकल और एंबुलेंस सेवाएं तुरंत घटनास्थल पर पहुंचीं। राहत-बचाव के दौरान घर में मौजूद दो निवासियों को बाहर निकाला गया। एक व्यक्ति को धुएं के कारण सांस लेने में गंभीर दिक्कत हुई, जबकि 38 वर्षीय दूसरे व्यक्ति को मौके पर ही उपचार दिया गया, लेकिन तमाम प्रयासों के बावजूद उसे बचाया नहीं जा सका।
लगभग पाँच वर्षों तक चली जांच के बाद पुलिस ने 27 वर्षीय शुगम खरेल को मंगलवार सुबह ग्रैनविल पुलिस स्टेशन में पेश होने के बाद गिरफ्तार किया। उन्हें गैर-इरादतन हत्या के आरोप में अदालत में पेश किया गया। न्यू साउथ वेल्स पुलिस के एक प्रवक्ता के अनुसार, अदालत में यह आरोप लगाया जाएगा कि आरोपी ने अपनी जिम्मेदारी निभाने में लापरवाही बरती और विकलांग निवासियों को बिना निगरानी के छोड़ दिया, जिसके परिणामस्वरूप यह जानलेवा हादसा हुआ।
अदालत में सुनवाई के बाद आरोपी को कड़ी शर्तों के साथ जमानत पर रिहा किया गया। जमानत की शर्तों के तहत उसे किसी भी एनडीआईएस (नेशनल डिसएबिलिटी इंश्योरेंस स्कीम) प्रतिभागी के साथ काम करने या संपर्क करने की अनुमति नहीं होगी। इसके अतिरिक्त, उसे प्रतिदिन पुलिस को रिपोर्ट करना होगा, रात 8 बजे से सुबह 8 बजे तक कर्फ्यू का पालन करना होगा और अभियोजन पक्ष के किसी भी गवाह के पास जाने या उनसे संपर्क करने पर प्रतिबंध रहेगा।
यह मामला अब आगे की सुनवाई के लिए 18 फरवरी को फेयरफील्ड लोकल कोर्ट में सूचीबद्ध है। पुलिस का कहना है कि यह आरोप जांच में सामने आए तथ्यों और परिस्थितियों के आधार पर लगाए गए हैं, जबकि अदालत में अंतिम फैसला साक्ष्यों और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही होगा।
इस घटना ने एक बार फिर विकलांग व्यक्तियों की देखभाल से जुड़े पेशों में जिम्मेदारी, निगरानी और सुरक्षा मानकों के महत्व पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।