पर्थ, 20 अगस्त 2025 – देश के सबसे व्यस्त अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डों में से एक पर्थ एयरपोर्ट गुरुवार शाम से शुक्रवार सुबह तक अफरा-तफरी का सामना करेगा। दुबई नेशनल एयर ट्रैवल एजेंसी (dnata) के सैकड़ों ग्राउंड वर्कर्स वेतन और नौकरी की सुरक्षा को लेकर हड़ताल पर उतर रहे हैं।
यह हड़ताल गुरुवार शाम 5:30 बजे से शुक्रवार सुबह 10 बजे (AWST) तक चलेगी। इस दौरान सिंगापुर, संयुक्त अरब अमीरात, दक्षिण अफ्रीका, वियतनाम और न्यूजीलैंड जाने वाली उड़ानों के साथ-साथ कार्गो सेवाएं भी प्रभावित होंगी।
ट्रांसपोर्ट वर्कर्स यूनियन (TWU) ने बताया कि पर्थ के ग्राउंड स्टाफ देश में सबसे कम वेतन पाने वाले dnata कर्मचारी हैं। जबकि सिडनी, ब्रिस्बेन, मेलबर्न और एडिलेड के कर्मचारियों को पिछले वर्ष 6% और इस वर्ष 5% वेतन वृद्धि मिली, पर्थ के कर्मचारियों को इससे कम दर पर लंबी अवधि का समझौता प्रस्तावित किया गया।
dnata का प्रस्ताव 2025 में 4%, 2026 में 3.5%, 2027 में 3% और 2028 में 2.5% या अधिकतम 3% तक CPI आधारित वृद्धि का था। कर्मचारियों ने इसे “न्यूनतम और अनुचित” बताते हुए 94.7% बहुमत से खारिज कर दिया।
TWU के WA सचिव टिम डॉसन ने कहा,
“सिडनी और मेलबर्न के लोग जैसे हवाई यात्रा करते हैं, वैसे ही पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया के लोग भी करते हैं। फिर पर्थ के कर्मचारियों को गरीबी भत्ते जैसे वेतन क्यों दिए जा रहे हैं?”
TWU का कहना है कि कोविड महामारी के दौरान जब क़ांतास ने 1800 ग्राउंड वर्कर्स को गैरकानूनी तरीके से निकाल दिया, तबसे हालात और बिगड़े हैं। हाल ही में फ़ेडरल कोर्ट ने इस मामले में Qantas को 90 मिलियन डॉलर का जुर्माना लगाया है।
dnata ने कहा कि वे यूनियन और कर्मचारियों के साथ न्यायसंगत समझौते के लिए प्रतिबद्ध हैं।
“हमने ऐसा प्रस्ताव दिया है जिससे कर्मचारियों को जीवन-यापन की लागत में राहत मिले। साथ ही यह उद्योग मानकों के अनुरूप है। यदि हड़ताल होती है, तो हमने सेवाओं को प्रभावित होने से बचाने के लिए वैकल्पिक इंतज़ाम किए हैं।”
हालांकि dnata का दावा है कि उन्होंने संचालन जारी रखने की तैयारी कर ली है, लेकिन यूनियन का कहना है कि हड़ताल से उड़ानें देर से चलेंगी और यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ेगा।